Pretika › Paranormal › "रात डेढ़ बजे"
एपिसोड 1
FARHA KHAN · Paranormal · 2 मिनट
दरवाजा खोलते ही मरियम को अहसास हो गया था कि रतिया ने रहा को सुला दिया है और खुद भी सो गई होगी।
आज मरियम को फिर से डेरी से आने में देर हो गई थी। अक्सर वह दस बजे तक एक फॉरिंग होकर घर आ जाती लेकिन कल और आज उसे बारह बज गये थे।
मरियम एक दूध की डेरी चलाती थी।
दूध लगभग शाम चार बजे तक आ जाता था तबसे दस बजे तक वह सारा दूध बेच देती थी। यह डेरी उसे अपने हसबैंड मान के मरने के बाद वसीयत में मिली थी। वह चाहती तो वो डेयरी बेचकर कोई और काम भी कर सकती थी, लेकिन मान के काम को ही आगे बढ़ाने की सोच ने उसे ऐसा करने नहीं दिया। बहरहाल, आज भी थोड़ा दूध बच गया था, जिसे वो कंटेनर में किलो के हिसाब से निकालकर फ्रिज में लगाकर आ जाती थी। सुबह वो भी बिक जाता था।
बहरहाल, उसने खुद से निकालकर खाना खाया और बिस्तर पर आ गई। थकन का एहसास बिस्तर देखकर और बढ़ जाता था। उसने मोबाइल निकाला और अलार्म सेट करने लगी। मगर उसने देखा कि मोबाइल पर अभी भी सीसीटीवी कैमरे का ऐप खुला हुआ था। उसने ऑफ करने के लिए उंगली से टच किया, लेकिन वह चौंक गई।
- Writer
- FARHA KHAN
- Story
- "रात डेढ़ बजे"
- Chapter
- 1 of 7
- Category
- Paranormal
- Reading time
- 2 min
- Words
- 211
- Language
- Hindi (हिंदी)
- Price
- Free to read
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